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मानसून का सिस्टम कमजोर, उमस से लोग परेशान

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भोपाल। राजधानी समेत मध्य प्रदेश में मानसून का सिस्टम कमजोर होने की वजह से 1 महीने से लगातार चल रही तेज बारिश से राहत मिल तो गई है, लेकिन उमस बढऩे से लोग परेशान हो रहे हंै। लोगों के घरों में बंद कूलर- एसी फिर से शुरू हो गए हैं।
मौसम विभाग की सीनियर वैज्ञानिक डॉ. दिव्या ई. सुरेंद्रन ने बताया कि 22 जुलाई को कहीं-कहीं हल्की बारिश हो सकती है। इससे दिन का तापमान बढ़ जाएगा। वही 23 जुलाई से फिर से भारी बारिश का दौर शुरू हो
जाएगा। उन्होंने बताया, मानसूनी टर्फ और वेस्टर्न डिस्टरबेंस प्रदेश से काफी दूर है, लेकिन जुलाई का आखिरी सप्ताह फिर से प्रदेश तरबतर हो जाएगा। पूर्वी और दक्षिणी हिस्से में तेज बारिश होने का अनुमान है। 23 जुलाई को पूर्वी हिस्से के कुछ जिलों में तेज बारिश शुरू होगी। एक मानसून टर्फ और डिप्रेशन एटिव जरूर है, लेकिन वह एमपी से काफी दूर है। वेस्टर्न डिस्टरबेंस की जगह एटिविटी शुरू होगी, तब बारिश का दौर चलेगा।
औसत बारिश में भोपाल, इंदौर और उज्जैन संभाग पीछे
बता दें कि है कि 3 जिले निवाड़ी, टीकमगढ़ और श्योपुर में बारिश का कोटा पूरा हो चुका है। वही राजधानी में अभी वर्षा का औसत कम है। कुछ  जिलों में सामान्य से 15 प्रतिशत तक ज्यादा पानी गिर चुका है। ग्वालियर समेत 5 जिलों भी बेहतर स्थिति में है। यहां 80 से 95 प्रतिशत तक बारिश हो चुकी है। दूसरी ओर भोपाल, इंदौर और उज्जैन संभाग सबसे पीछे है। इंदौर, उज्जैन, शाजापुर, बुरहानपुर और आगर-मालवा में 10 इंच से भी कम पानी गिरा है।