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अक्टूबर में निगम-मंडलों के साथ मंत्रिमंडल पुनर्गठन!
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वरिष्ठ नेताओं की मेल- मुलाकातों से बढ़ी राजनीतिक हलचल
भोपाल। मप्र में भारतीय जनता पार्टी के संगठन चुनावों के बाद कार्यकर्ता निगम-मंडलों में नियुक्तियों का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं। पार्टी के वरिष्ठ नेताओं की मेल-मुलाकातों ने नियुक्तियों को लेकर हलचल को और अधिक तेज कर दिया है। हालांकि 2 अक्टूबर, दशहरे तक पार्टी के सेवा पखवाड़ा और शस्त्र पूजन कार्यक्रमों में सरकार और संगठन की व्यस्तता के चलते नियुक्तियेां की संभावना नगण्य है। अक्टूबर के पहले अथवा दूसरे सप्ताह में लगभग दो दर्जन पदों पर नियुक्तियां हो सकती हैं। अक्टूबर माह के अंतिम सप्ताह तक मंत्रि-मंडल पुनर्गठन की तैयारियां भी हैं।
मध्यप्रदेश में भाजपा जिला पदाधिकारियों नियुक्तियों का क्रम जारी है और अब तक करीब आधे जिलों में पदाधिकारी घोषित हो चुके हैं। सितम्बर माह के अंत तक अधिकांश जिलों में जिला पदाधिकारियों की घोषणा होगी। इसके बाद ही निगम-मंडलों और प्राधिकरणों में नियुक्तियां की जाएंगी। हालांकि सूत्रों का कहना है कि शासकीय नियुक्तियों के लिए लगभग सभी नामों पर केन्द्रीय और प्रदेश नेतृत्व की मोहर लग चुकी है। अब अक्टूबर के पहले अथवा दूसरे सप्ताह तक इसे जारी करना है।
अक्टूबर में ही मंत्रि-मंडल विस्तार!
सूत्रों का कहना है कि अक्टूबर महीने के अंतिम सप्ताह तक डॉ. मोहन यादव की सरकार के मंत्रि-मंडल और विभागों में बड़ा फेरबदल हो सकता है। 2-3 राज्यमंत्रियों को बदले जाने और कुछ केबिनेट मंत्रियों के विभागों में बदलाव की चर्चा है। खराब प्रदर्शन करने वाले मंत्रियों से जनता से सीधे जुड़े एवं महत्वपूर्ण विभाग छीने जा सकते हैं। जबकि सक्रिय और अच्छा काम करने वाले मंत्रियों के विभाग बढ़ाए जा सकते हैं। मंत्रिमंडल में मंत्रियों की संख्या भी 3-4 बढ़ सकती है।
प्रदेश कार्यकारिणी दिवाली के बाद
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडलवाल की कार्यकारिणी की घोषणा अक्टूबर में नहीं होगी। अभी एक-एक कर जिलों में पदाधिकारियों की घोषणा जारी है, जिसके अक्टूबर तक चलने की संभावना है। इस बीच पहले निगम मंडलों में नियुक्तियां होंगी। इसके बाद नवम्बर में प्रदेश इकाई की घोषणा होगी।
वरिष्ठ नेताओं के बीच बढ़ी मेल-मुलाकातें
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल से प्रदेश कार्यालय में मिलने शुक्रवार को केन्द्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान पहुंचे। चार दिन पहले पूर्व मंत्री जयभान सिंह पवैया भी उनसे मिलने पहुंचे थे। तीन दिन पहले मुख्यमंत्री निवास में पार्टी के राष्ट्रीय सह संगठन महामंत्री की उपस्थिति में मुख्यमंत्री, दोनों उप मुख्यमंत्री, प्रदेश अध्यक्ष, प्रदेश संगठन महामंत्री के अलावा केन्द्रीय राजनीति से लाकर मप्र में केबिनेट मंत्री बनाए गए वरिष्ठ नेता प्रहलाद पटेल, राकेश सिंह, कैलाश विजयवर्गीय के साथ मंत्रणा(संभवत: समन्वय बैठक)। इसी क्रम में तीन दिन पहले अचानक मुख्यमंत्री डॉ. यादव का विधानसभा अध्यक्ष नरेन्द्र ङ्क्षसह तोमर के बंगले पर पहुंचकर मुलाकात। ये मुलाकातें राजनीतिक हलचल तेज कर रही हैं, तो स्वयं की नियुक्ति के लिए वरिष्ठ नेताओं के यहां चक्कर लगा रहे कार्यकर्ताओं की उत्सुकता भी लगातार बढ़ रही है।
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