Breaking News:

• रेखा यादव ने संभाला महिला आयोग अध्यक्ष का कार्यभार • ‘एक्टिव मोड’ में कार्य करें अधिकारी, लापरवाही पर होगी सख्त कार्रवाई, समय सीमा बैठक में कलेक्टर के निर्देश • पश्चिम बंगाल विजय पर भाजपा कार्यालय में मना उत्सव, ढोल-नगाड़ों के बीच झूमे कार्यकर्ता, प्रदेश अध्यक्ष ने मिठाई के साथ खिलाई झालमुड़ी • कौशल शर्मा ने ग्रहण किया महर्षि पतंजलि संस्कृत संस्थान के अध्यक्ष का पदभार • मोदी की झोली में बंगाल की ममता, भगवा हो गया ‘झालमुई’ का रंग, प्रधानमंत्री बोले यह ऐतिहासिक और अभूतपूर्व दिन • रोटेशन नहीं ट्रांसफर हैं ये: चेकपोस्ट व्यवस्था के बाद ही जारी होगी परिवहन विभाग की चक्रानुक्रम (रोटेशन) सूची! अभी मैदानी अमले को मिलना शुरू हुई नई पदस्थापना
राजधानी

Image Alt Text

सरकार ने पेश किया 13476.94 करोड़ का द्वितीय अनुपूरक बजट, सबसे ज्यादा 4 हजार करोड़ पीएम आवास को, उपार्जन संस्थाओं के लिए 2000 करोड़

राजधानी

भोपाल। मप्र विधानसभा के शीतकालीन सत्र के दूसरे दिन मंगलवार को सरकार ने 13476 करोड़ 94 लाख 83 हजार 585 करोड़ का द्वितीय अनुपूरक बजट पेश किया। राजस्व मद में 8448.57 करोड़ एवं पूंजीगत मद में 2000 करोड़ का प्रावधान किया गया है। अनुपूरक बजट पर गुरूवार, 4 अगस्त को सदन में चर्चा होगी। चर्चा के बाद इसी दिन सरकार इसे सर्वसम्मति से पास कराने का प्रयास भी करेगी। 

अनुपूरक बजट में सबसे अधिक राशि 2000 करोड़ खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग को उपार्जन संस्थाओं को ऋण हेतु पंूजीगत मद में प्रावधानित किया है। इसके अलावा पंचायत विभाग को निकायों के अनुदान राशि के रूप में 1794 करोड़, औद्योगिक नीति एवं निवेश प्रोत्साहन विभाग को 1633 करोड़ रुपये प्रावधानित किए गए हैं। अन्य विभागों के लिए भी योजना और कामों के अनुसार प्रावधानित की गई है। 

विभाग और योजनावार प्रावधानित राशि

- ग्रामीण विकास विभाग: प्रधानमंत्री आवास योजना के लिए 4 हजार करोड़ 

- खाद्य नागरिक आपूर्ति विभाग : को उपार्जन संस्थाओं को ऋण हेतु पूंजीगत मद में 2000 करोड़ 

- पंचायत विभाग: स्थानीय निकायों के अनुदान हेतु 1633 करोड़ 

- औद्योगिक नीति एवं निवेश प्रोत्साहन: भू-अर्जन, सर्वे एवं डिमार्केशन, सर्विसचार्ज के लिए 650 करोड़

- नर्मदाघाटी विकास विभाग: सरदार सरोवर डूबान से प्रभावित क्षेत्र का भूअर्जन एवं अन्य कार्यों के लिए 650 करोड़, बरगी हर व्यपवर्तन योजना में 200 करोड़ एवं इंदिरा सागर परियोजना के लिए 94 करोड़

- किसान कल्याण एवं कृषि विभाग: भावान्तर/फ्लेट रेट योजना में 500 करोड़

- जल संसाधन विभाग: बांध तथा संलग्न कार्यों के लिए 300 करोड़, बहुती क्लस्टर क्रमांक-2 फेज-2 के लिए 63 करोड़। 

- लोक निर्माण विभाग: भू-अर्जन के मुआवजा हेतु 300 करोड़

- नगरीय विकास एवं आवास विभाग: अटल मिशन फॉर रिजुवेनेशन एण्ड अर्बन ट्रांसफार्मेशन (अमृत 2.0) के लिए 150 करोड़, मिलियन प्लस शहर (अमृत 2.0) के लिए 115 करोड़  करोड़ तथा एक लाख से कम जनसंख्या के शहर (अमृत 2.0) के लिए 100 करोड़। 

- स्कूल शिक्षा विभाग: पीएम जनमन (समग्र शिक्षा) दके लिए 122 करोड़ एवं धरती आबा जनजातीय ग्राम उत्कर्ष अभियान के लिए 108 करोड़ का प्रावधान।