Breaking News:
राजनीति
संभाग और जिलों में पार्टी को बूथ पर करें मजबूत, प्रदेश अध्यक्ष और क्षेत्रीय संगठन महामंत्री ने ली भाजपा के जिला और संभाग प्रभारियों की बैठक
राजनीति
भोपाल। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल और क्षेत्रीय संगठन महामंत्री अजय जामवाल ने मंगलवार को भाजपा प्रदेश कार्यालय में पार्टी के संभाग एवं जिला प्रभारियों की बैठक ली। बैठक में संगठन की मजबूती के सूत्र सुझाते हुए पदाधिकारियों ने हर जिले और संभाग में पार्टी को बूथ पर मजबूत करने की समझाइश दी।
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खण्डेलवाल ने कहा कि प्रत्येक जिला प्रभारी को संभाग प्रभारियों से निरंतर संवाद और समन्वय बनाए रखते हुए पार्टी के संगठनात्मक कार्यों को जन-जन तक प्रभावी रूप से पहुंचाना है। जिला प्रभारी जिलों में साप्ताहिक प्रवास व रात्रि विश्राम कर संगठन विस्तार में अपनी भूमिका का निर्वहन करें। भाजपा के क्षेत्रीय संगठन महामंत्री अजय जामवाल ने कहा कि किसी भी दायित्व को प्रभावी तरीके से निभाने के लिए सबसे पहले उसकी स्पष्टता बेहद जरूरी है। जिला प्रभारी को अपने प्रभार वाले जिले का भौगोलिक, सामाजिक, सांस्कृतिक और संगठनात्मक पहलुओं का गहन अध्ययन करना होगा, और निरंतर प्रवास के माध्यम से संगठन को आगे बढाना होगा, ताकि पार्टी संगठन के लक्ष्यों को सही दिशा मिल सके। बैठक में प्रदेश उपाध्यक्ष शैलेन्द्र बरुआ, प्रदेश महामंत्री राहुल कोठारी और गौरव रणदिवे मंच पर उपस्थित रहे।
प्रभार वाले जिलों में नियमित करें प्रवास
प्रदेश अध्यक्ष श्री खण्डेलवाल ने कहा कि जिला प्रभारी संगठन के कार्यों को पारदर्शिता, आपसी समन्वय और अनुशासन के साथ करते हुए आदर्श संगठक के उच्च मानदंड स्थापित करना है। आने वाला समय संगठन की दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण है, जिसमें जिला प्रभारी की भूमिका अत्यधिक अहम होगी। अपने प्रभार वाले जिले में नियमित प्रवास करते हुए संगठनात्मक गतिविधियों की सतत समीक्षा, सप्ताह में कम से कम एक दिन अपने जिले में प्रवास करना और रात्रि विश्राम भी उसी जिले में करना चाहिए। उन्होंने कहा कि प्रदेश में आगामी समय में लगातार चुनाव होंगे और संगठन तभी सुदृढ़ रहेगा, जब जिला स्तर पर उसका और अधिक मजबूत नेटवर्क होगा।
कार्य विभाजन ही संगठन की मजबूती का आधार: जामवाल
भाजपा के क्षेत्रीय संगठन महामंत्री अजय जामवाल ने कहा कि संगठन द्वारा सौंपे गए किसी भी दायित्व को प्रभावी ढंग से निभाने के लिए सबसे पहले जिम्मेदारी की स्पष्ट परिभाषा, उसकी भूमिका और संपूर्ण जानकारी का होना आवश्यक है। जिला प्रभारी को अपने प्रभार वाले जिले का भौगोलिक, सामाजिक, सांस्कृतिक और संगठनात्मक अध्ययन करते हुए निरंतर प्रवास के माध्यम से आगे बढ़ाना होगा, ताकि सफलता का मार्ग सुनिश्चित हो सके। संगठन की मजबूती का आधार कार्य विभाजन है। कोई भी पदाधिकारी या कार्यकर्ता बिना दायित्व के नहीं रहना चाहिए। मंडल, शक्ति केंद्र और बूथ स्तर तक कार्य और जिम्मेदारी तय होने चाहिए, ताकि संगठन सतत सक्रिय और परिणामोन्मुख बना रहे। उन्होंने कहा कि प्रभारी को कोर ग्रुप, जनप्रतिनिधियों, वरिष्ठ कार्यकर्ताओं और समाज के प्रबुद्धजनों से नियमित संवाद बनाए रखना चाहिए। कार्यकर्ता मंडल, शक्ति केंद्र और बूथ स्तर तक पार्टी संगठन को और मजबूती देने के लिए सरकार की योजनाओं को हितग्राहियों तक पहुंचाने का कार्य करें।
अन्य खबर
ट्रेंडिंग खबरें
मध्यप्रदेश
रोटेशन नहीं ट्रांसफर हैं ये: चेकपोस्ट व्यवस्था के बाद ही जारी होगी परिवहन विभाग की...
05-05-26
राजनीति
मोदी की झोली में बंगाल की ममता, भगवा हो गया ‘झालमुई’ का रंग, प्रधानमंत्री बोले...
04-05-26
राजधानी
कौशल शर्मा ने ग्रहण किया महर्षि पतंजलि संस्कृत संस्थान के अध्यक्ष का पदभार
04-05-26
राजनीति
पश्चिम बंगाल विजय पर भाजपा कार्यालय में मना उत्सव, ढोल-नगाड़ों के बीच झूमे कार्यकर्ता, प्रदेश...
04-05-26
राजधानी
‘एक्टिव मोड’ में कार्य करें अधिकारी, लापरवाही पर होगी सख्त कार्रवाई, समय सीमा बैठक में...
04-05-26