Breaking News:
राजधानी
नाबालिग से दुष्कर्म के आरोपी को 20 साल का कारावास
राजधानी
शादी से मुकरा आरोपी तो पीडि़ता ने लगा ली थी फांसी, अस्पताल की सूचना पर पहुंची थी पुलिस
भोपाल। नाबालिग युवती को शादी का झांसा देकर उसके साथ दुष्कर्म करने वाले आरोपी को भोपाल जिला न्यायालय ने दोषी मानते हुए 20 साल के सश्रम कारावास और एक हजार रुपये के अर्थदण्ड की सजा सुनाई है। मामले में सुनवाई एवं निर्णय पंद्रहवेें अपर सत्र एवं विशेष न्यायाधीश (पोक्सो एक्ट) श्रीमती कुमुदनी पटेल ने की।
22 मई 2019 को भोपाल के तलैया थाना पुलिस को हमीदिया अस्पताल में नाबालिग बालिका की मृत्यु की सूचना मिली, जिसने अपने घर में फांसी लगा ली। पुलिस पूछताछ में मृतक पीडि़ता के परिजनों ने बताया कि उनके घर की ऊपरी मंजिल पर रहने वाले पड़ोसी संदीप से उसकी फोन पर बातचीत होती थी। वह उसे लगातार फोन लगाकर परेशान और मानसिक रूप से प्रताडि़त करता था। संदीप से परेशान होकर ही उसने फांसी लगाकर आत्महत्या की। पुलिस को मृतका के पास से एक सुसाइड नोट मिला, जिसमें उसने आरोपी संदीप पर शादी का वादा कर कई बार शारीरिक संबंध बनाने के आरोप लगाते हुए फांसी लगाए जाने की बात लिखी।
इसी आधर पर पुलिस ने आरोपी संदीप के विरुद्ध धारा 305, 376 भादवि एवं 5एल/6 पॉक्सो एक्ट का अपराध पंजीबद्ध किया। घटना को लेकर वैज्ञानिक साक्ष्य की पोजेटिव रिपोर्ट, तर्क, साक्ष्य, दस्तावेज से सहमत होकर आरोपी को दोषी माना और उसे सजा सुनाई।
महिला से अश्लीलता करने वाले पड़ोसियों को जेल
बेटी की दवा लेने बाजार जा रही महिला पर अश£ील एवं अभद्र टिप्पणी करने वाले तीन पड़ोसियों को भोपाल जिला न्यायालय ने एक-एक वर्ष के कारावास और एक-एक हजार रुपये के अर्थदण्ड की सजा सुनाई है। घटना 21 फरवरी 2016 की है। पीडि़ता ने थाना छोला मंदिर में शिकायत दर्ज कराई कि उसी दिन दोपहर में जब वह घर से अपनी बेटी के दवा लेने के लिये मेडिकल की दुकान पर जा रही थी, दुकान के बाहर आरोपी महेश व राजेश दोनों भाई और पड़ोस में ही रहने वाले उनके दोस्त ने उसे देखकर उस पर अश£ील टिप्पणी की। इस दौरान एक आरोपी ने उसके सामने बुरी नियत से अपना अंग प्रदर्शन किया। महिला की शिकायत पर पुलिस ने तीनों आरोपियों के विरुद्ध भादंवि की धारा 294, 354-क, 509, 34 के तहत अपराधिक प्रकरण पंजीबद्ध किया था। मामले की सुनवाई के बाद सजा न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी सुश्री आरती आर्य ने सुनाई। इस मामले में शासन की ओर से पैरवी सहायक जिला लोक अभियोजन अधिकारी श्रीमती दीप्ति पटेल ने की।
ट्रेंडिंग खबरें
व्यापार
4 हजार क्विंटल से अधिक चीनी का भंडार नहीं रख सकेंगे डीलर
01-09-26
मध्यप्रदेश
रात 8 बजे चढ़ता है पतीला, रात 12 बजे मासूमों का भोजन तैयार, ठेकेदार की...
01-09-26
मध्यप्रदेश
मासूमों के पोषण आहार में फर्जीवाड़े के खुलासे से परेशान डीपीओ बोलीं गड़बड़ी पर मैं...
01-09-26
राजधानी
अंशुमन यादव बने एडीजी इंटेलीजेंस, चंचल शेखर डायरेक्टर खेल विभाग, मप्र में बदलीं वरिष्ठ आईपीएस...
29-08-26
मध्यप्रदेश
ठेकेदार गटक रहे मासूमों का पोषण आहार, ग्वालियर में मासूमों को गर्म भोजन और महिला...
29-08-26