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सीबीआई मान चुकी है भ्रष्टाचार का दोषी, ब्याज पर देता था भ्रष्टाचार का पैसा, ईडी ने जब्त की एफसीआई के बाबू की 4 करोड़ की संपत्ति

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भोपाल। प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने भारतीय खाद्य निगम (एफसीआई) भोपाल के सहायक वर्ग-1 किशोर मीणा की लगभग चार करोड़ 05 लाख रुपए से अधिक की संपत्ति जब्त कर ली है। जांच में सामने आया कि मीणा ने अवैध रूप से अर्जित धन में से 95 लाख रुपए एक बिल्डर को 24 प्रतिशत सालाना ब्याज पर उधार दिए थे। मामले में ईडी ने मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट के तहत कार्रवाई करते हुए मीणा की चल-अचल संपत्ति को जब्त कर लिया है। 

प्रवर्तन निदेशालय द्वारा 3 मार्च 2025 को विशेष न्यायालय पीएमएलए कोर्ट में दर्ज अभियोजन शिकायत के आधार पर की। न्यायालय ने 5 दिसंबर 2025 को इस शिकायत पर संज्ञान लिया है। इसके बाद संपत्तियों को जब्त करने की प्रक्रिया आगे बढ़ाई गई। 

सीबीआई की एफआईआर बनी ईडी की जांच का आधार 

प्रवर्तन निदेशालय की जांच सीबीआई द्वारा पूर्व में दर्ज एफआईआर के आधार पर शुरू हुई थी। सीबीआई की जांच में पता चला था कि किशोर मीणा एफसीआई के संभागीय मुख्यालय में पदस्थ थे और उन पर भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत लगभग 4.05 करोड़ रुपए की अनुपातहीन संपत्ति जुटाने का आरोप है। जांच के दौरान यह भी सामने आया कि बिल्डर ने उधार लिए गए 95 लाख में से 27.50 लाख रुपए सीबीआई में जमा कराए, जबकि 67.50 लाख रुपए मीणा के एचडीएफसी बैंक खाते में वापस भेज दिए गए थे। ईडी ने 7 फरवरी 2024 को इस खाते से राशि आहरण पर लगा दी थी। 

किशोर मीणा को सीबीआई न्यायालय ने माना दोषी 

मामले में विशेष सीबीआई न्यायालय 23 अक्टूबर 2024 को किशोर मीणा को दोषी करार दे चुका है और उनकी संपत्तियों को जब्त करने का आदेश दिया था। इसी आदेश के तहत सीबीआई द्वारा बरामद 3,29,49,140 रुपए, बिल्डर द्वारा जमा 27.50 लाख और बैंक खाते में जमा 67.50 लाख रुपए ईडी ने अपनी जब्ती में ले लिए हैं। 

2021 से शुरू हुई आरोपी बाबू की संपत्तियों की जांच 

आरोपी बाबू किशोर मीणा की अनुपातहीन संपत्तियों की जांच की शुरूआत मई 2021 में उस समय शुरू हो गई थी, जब सीबीआई को संदीप कपूर सिक्योरिटीज के फील्ड मैनेजर शिवदयाल द्विवेदी की शिकायत मिली थी। शिकायत में बताया गया था कि एफसीआई के अधिकारी बिलों के भुगतान के लिए रिश्वत मांग रहे हैं। इसके बाद की गई छापेमारी में किशोर मीणा के पास से 60,840 रुपए की नकदी एवं ठिकानों से करोड़ों की नकदी, सोने-चांदी के आभूषण और संपत्ति के कई दस्तावेज बरामद हुए थे।